गाजियाबाद। लोनी थाना पुलिस कर्मियों का हिरासत में लेने का डर दिखा और धमकाते हुए 30 हजार की वसूली का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। मामले में पीड़ित युवक के पिता ने पुलिस आयुक्त से शिकायत की थी।
उनका आरोप है कि बेटे पर झूठी एफआईआर दर्ज कर दी गई। इसके साक्ष्य उन्होंने पुलिस आयुक्त को दिए। इसके बाद मामले में एक आरोपित सिपाही को निलंबित कर दिया गया।
क्या है पूरा मामला?
41 सेकंड के वीडियो में सिपाही युवक को धमका रहा है। राम विहार कॉलोनी निवासी प्रमोद ने पुलिस आयुक्त को पत्र देकर बताया कि उनका बेटा मनु 29 जुलाई को अपने भांजे के लिए मांझा खरीदने के लिए बाजार गया था। इसी दौरान लोनी थाना पुलिस हिरासत में लेकर बेटे को जबरन थाने ले गई।
आरोप है कि थाना ले जाकर आरोपित के साथ अन्य पुलिसकर्मियों ने बेटे के साथ अभद्र व्यवहार करते हुए मारपीट कर प्रताड़ित किया गया। छोड़ने के एवज में डरा-धमकाकर बेटे से 30 हजार की अवैध वसूली की गई। वीडियो में इसके पूरे साक्ष्य हैं। ये ही नही अवैध वसूली करने के बाद भी बेकसूर बेटे के खिलाफ पुलिस ने झूठी एफआईआर भी दर्ज कर दी।
साथ ही मौजूदा पुलिसकर्मियों ने धमकी दी कि अगर उच्चाधिकारियों से किसी तरह की शिकायत या वीडियो प्रसारित की तो झूठे मुकदमे में जेल भेज देंगे। एसीपी लोनी राम किशन ने बताया कि मामले में सिपाही राजीव को निलंबित किया गया है। जांच की जा रही है, जिसके बाद अन्य पुलिस कर्मियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।

