नोएडा। स्पाइस जेट में इलेक्ट्रिशियन, फिटर, सफाईकर्मी व स्टाफ आदि की नौकरी लगवाने का झांसा देकर ठगने वाले कॉल सेंटर का फेज वन थाना पुलिस ने पर्दाफाश किया।
सेक्टर-2 से चार शातिरों को गिरफ्तार किया। इनसे आठ मोबाइल, एक लैपटॉप, 9 डेबिट कार्ड, 13 सिम कार्ड, तीन पासबुक और चार साउंड बॉक्स बरामद हुए। आरोपितों की पहचान मैनपुरी के कुरसारा गांव के सुदेश सिंह व बृजेश भदौरिया, दिल्ली त्रिलोकपुरी के अर्जुन और रीवा के सखनी धवेया गांव के संदीप कुमार तिवारी के रूप में हुई।
गिरोह क्विकर और अन्य वेबसाइटों से नौकरी तलाश रहे बेरोजगार युवाओं का डाटा हासिल करते थे। युवाओं को नौकरी लगवाने के झांसा देते थे। उनको फर्जी ज्वाइनिंग लेटर भेजकर प्रोसेसिंग फीस और रजिस्ट्रेशन शुल्क के नाम पर रुपये वसूलते थे।
अब तक सीधे-साधे एक हजार से ज्यादा लोगों से एक करोड़ रुपये की ठगी कर चुके हैं। इनके खिलाफ विभिन्न राज्यों से एनसीआरपी पोर्टल पर 20 से अधिक शिकायतें दर्ज हैं। ठगी की रकम फर्जी बैंक खातों में ट्रांसफर कराते थे। गरीब लोगों को कुछ रुपये का लालच देकर उनके नाम पर नए सिम निकलवाते थे।
पकड़े जा रहे अवैध कॉल सेंटर
उत्तर प्रदेश पुलिस प्रदेशभर में साइबर ठग व अवैध कॉल सेंटरों के खिलाफ ऑपरेशन साइबर वज्र चला रही है। नोएडा जोन में ऑपरेशन के तहत मिले 159 बैंक खाते व 19 रेड जोन चिन्हित किए गए हैं। इनमें सक्रिय 1500 मोबाइल संबंधी इनपुट से आरोपित पुलिस के हत्थे चढ़े। पुलिस का अभियान जारी है।

