गाजियाबाद। लोनी थाना क्षेत्र में शराब पीने के लिए रुपये नहीं मिलने पर पत्नी की चाकू मारकर हत्या करने वाले पति को अदालत ने दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने हत्या के मामले में 40 हजार रुपये और अवैध हथियार रखने के मामले में पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। यह फैसला अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश लोकेश वरुण ने सुनाया।
शासकीय अधिवक्ता गिरीराज सिंह ने बताया कि एक मई 2021 की सुबह आनंद शराब पीने के लिए पत्नी गीता देवी से रुपये मांग रहा था। पत्नी ने रुपये देने से इनकार कर दिया। इस पर गुस्से में आरोपित ने पहले पत्नी के पेट में चाकू मारा और फिर उसके मुंह में चाकू घोंप दिया। गंभीर रूप से घायल महिला को अस्पताल ले जाया गया। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
घटना के दौरान आरोपित के दोनों बेटे घर मौजूद थे। मुकदमे के दौरान बेटे समेत अन्य गवाहों ने अदालत में घटना की पुष्टि की। पुलिस ने विवेचना कर आरोप पत्र अदालत में दाखिल किए। अदालत ने कहा कि बचाव पक्ष गवाहों के बयान और बरामदगी पर संदेह पैदा करने में सफल नहीं हो सका।
अदालत ने माना कि गवाहों के बयान, बरामद चाकू और अन्य साक्ष्य एक-दूसरे की पुष्टि करते हैं। निर्णय में न्यायाधीश ने कहा कि दोषी ने केवल शराब के लिए रुपये नहीं मिलने पर अपनी पत्नी पर बेहद क्रूर हमला किया। अदालत ने दोषी आनंद को भारतीय दंड संहिता की धारा 302 में आजीवन कारावास की सजा सुनाई।

