लोनी। ट्रोनिका सिटी थाना पुलिस ने बृहस्पतिवार को बच्चा चोर गिरोह के 17वें सदस्य को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। इससे पहले पुलिस 16 सदस्यों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।
गिरफ्तार आरोपित नकली नोट छापकर गिरोह को आर्थिक रूप से मजबूत करता था। गिरफ्तारी के डर से आरोपित ने नकली नोट छापने का प्रिंटर तोड कर नदी में फेंक दिया।
एसीपी लोनी सिद्धार्थ गौतम ने बताया कि 26 मई को पूजा कालोनी से हिना का बच्चा चोरी हुआ था। उनकी रिपोर्ट दर्ज कर राबिया को गिरफ्तार किया गया था। जिससे पूछताछ में बच्चा तस्कर मनोज उर्फ मोनू और पूजा की जानकारी दी थी।
पुलिस ने 12 आरोपितों को गिरफ्तार कर बच्चा को बरामद कर लिया था। बाद में चार अन्य आरोपितों को गिरफ्तार किया गया था। जांच के दौरान बिहार ग्राम कुमारपुर निवासी प्रदीप मेहता की जानकारी मिली थी।
अनिल लकड़ा से था 4 साल से संपर्क
आरोपितों ने बताया था कि वह नकली नोट छापकर गिरोह को आर्थिक मदद देता है। बृहस्पतिवार को उसे गिरफ्तार किया गया। पुलिस पूछताछ में प्रदीप मेहता ने बताया कि करीब चार वर्ष से उसका अनिल लकड़ा से संपर्क था।
उसने बच्चे खरीदने और बेचने की जानकारी दी। अनिल को उसके नकली नोट बनाने की जानकारी थी। अनिल ने उसकी मुलाकात करुणा से कराई थी। जिसके बाद मनोज उर्फ मोनू से संपर्क हुआ था।
मोनू ने बच्चे खरीदने में उसके बनाए नकली नोट इस्तेमाल करने की साजिश रचि। साथ ही उसे एक लाख रुपये पर 25 हजार अधिक देने का वादा किया। गिरोह के सदस्य बच्चा खरीदने बेचने के बाद उसे हिस्सा पहुंचाने लगे।
तोड़ दिया प्रिंटर
एसीपी लोनी ने बताया कि आरोपित ने गिरफ्तारी के डर से नकली नोट बनाने वाले प्रिंटर को तोड़ दिया है।

