साहिबाबाद। किसानों संगठनों के दिल्ली कूच को लेकर गाजियाबाद पुलिस ने यूपी गेट पर किसानों को रोकने के लिए चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान यूपी गेट पर बैरिकेडिंग कर वाहनों को चेक किया गया और सघन तलाशी के बाद उन्हें दिल्ली सीमा में प्रवेश दिया गया।
इसके चलते यूपी गेट पर एनएच-9 व दिल्ली मेरठ एक्सप्रेस वे पर भीषण जाम की स्थिति रही। जाम के कारण वाहनों की लंबी कतार लग गई और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
वहीं किसान संगठनों के लोगों ने दिल्ली कूच का प्रयास किया लेकिन यूपी गेट पर पुलिस ने उन्हें रोक लिया। किसान मौके पर सड़क पर बैठ गए और हंगामा किया। इस दौरान उनकी पुलिस से धक्का-मुक्की व कहासुनी भी हुई। पुलिस ने 60 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया और शाम को छोड़ दिया।
दिल्ली में किसान घाट पर किसानों के विरोध प्रदर्शन के चलते दिल्ली कूच की घोषणा की गई थी। इसके चलते गाजियाबाद पुलिस अलर्ट रही और सोमवार रात से ही यूपी गेट पर भारी संख्या में पुलिसबल की तैनाती की गई।
सोमवार रात से ही थी बैरिकेडिंग
सोमवार रात से ही दिल्ली जाने वाले मार्ग पर बैरिकेडिंग कर दी गई और वाहनों की सघन चेकिंग शुरू की गई। मंगलवार सुबह से ही यूपी गेट पर एनएच-9 व डीएमई पर जाम लगना शुरू हुआ और वाहनों की लंबी कतार लगती चली गई।
सुबह से लेकर शाम तक जाम की यही स्थिति रही। इसके चलते लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। गर्मी के कारण जाम में फंसे लोग परेशान नजर आए। इसी दौरान सुबह करीब साढ़े नौ बजे पुलिस ने डीएमई पर दिल्ली प्रदर्शन में भाग लेने जा रहे किसान संगठनों की 10 गाड़ियों को रोका लिया।
गाड़ियों में राष्ट्रीय किसान संगठन (वीएन) के पदाधिकारी और कार्यकर्ता थे। उन्हें वापस जाने को कहा गया लेकिन वह दिल्ली जाने की बात पर अड़े रहे। बैरिकेड पार करने को लेकर किसानों की पुलिस से नोकझोंक हुई। वहीं दूसरी ओर राष्ट्रीय किसान संगठन (अजगर), भारतीय किसान यूनियन (सुनील ग्रुप) के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को भी दिल्ली जाने से रोका गया।
दिल्ली जाने की जिद पर अड़े 60 से अधिक लोगों को पुलिस ने हिरासत में लेकर इंदिरापुरम थाने भेज दिया। एसीपी इंदिरापुरम सूर्यबली मौर्य ने बताया कि डीएमई, एनएच-नौ पर सघन चेकिंग कर किसानों को दिल्ली में प्रवेश नहीं करने दिया गया। जिन किसानों को हिरासत में लिया गया है। उन्हें देर शाम को छोड़ दिया गया।
रेंगते रहे वाहन, जाम में फंसी एंबुलेंस
डीएमई और एनएच-9 पर बैरिकेड लगाकर चेकिंग के कारण सुबह से वाहन की रफ्तार धीमी रही। पुलिस और किसान संगठनों के लोगों के बीच हुई नोकझोंक के दौरान कई किलोमीटर तक जाम की स्थिति बन गई। 10 मिनट में पार होने वाला रास्ता लोग आधे से एक घंटे में पार कर सके। विरोध के दौरान कई एंबुलेंस भी जाम में फंसी। हालांकि पुलिस और लोगों ने एंबुलेंस को निकाल दिया।

