नोएडा। शेयर बाजार में निवेश के नाम पर दो महिलाओं से साइबर ठगों ने 29 लाख रुपये ठग लिए। ठगाें ने टेलीग्राम और वाट्सएप से संपर्क कर डब्बा ब्रोकर एप पर मुनाफा दिखाकर रकम ट्रांसफर कराई। रकम नहीं निकलने पर ठगों का शिकार होने का पता चला। पीड़ितों ने साइबर क्राइम थाने में मामले में दर्ज कराए हैं।
ग्रेटर नोयडा वेस्ट की रहने वालीं बुलबुल गृहणी हैं। वह शेयर बाजार की जानकारी रखती हैं। दो दिसंबर को बुलबुल को टेलीग्राम से पार्ट टाइम जाब टास्क का न्योता मिला। कुछ टास्क पूरे करने पर ठगों ने निवेश कर मुनाफा कमाने का झांसा दिया। 20 दिसंबर तक कई बार मे 16 लाख ट्रांसफर करा लिए।
उधर, सेक्टर 168 में रहने वालीं गृहणी शाहीन को ठगों ने तीन दिसंबर को 34 स्पेशल ट्रेनिंग नाम के एक ग्रुप में जोड़ा। उसमें हर दिन निवेशकों के मुनाफे के मैसेज, सेबी के प्रमाणपत्र दिखाए गए। इससे शाहीन को प्लेटफार्म विश्वसनीय लगा। वह ठगों की बातों में आ गईं। ठगों की बताई एप डाउनलोड कर पंजीकरण किया।
ठगों ने 12 दिसंबर तक 13 लाख रुपये ट्रांसफर करा लिए। एप पर पोर्टफोलियो का ग्राफ बढ़ने लगा। पैसों की जरूरत पड़ने पर शाहीन ने रकम को निकालने के लिए आवेदन किया। रकम वापस नहीं निकलने पर ठगों का असली चेहरा उजागर हुआ। इससे पीड़ित को ठगों के जाल में फंसे होने का अंदाजा हुआ।
दोनों पीड़ितों ने एनसीआरपी पोर्टल और साइबर क्राइम थाना पुलिस से शिकायत की। डीसीपी साइबर सुरक्षा शैव्या गोयल ने बताया कि दोनों पीड़ितों की शिकायत पर मामले दर्ज कर जांच कराई जा रही।
ठगी में संलिप्त बैंक खातों की जानकारी जुटाई जा रही। उधर, उन्होंने लोगों से अनजान के कहने पर रकम ट्रांसफर नहीं करने की अपील की है। ठगी होने पर तत्काल पूरी जानकारी के साथ एनसीआरपी पोर्टल या 1930 पर करने पर जोर दिया है।

