साहिबाबाद क्षेत्र में स्थित रॉयल ब्लू होटल में दिल्ली पुलिस की हेड कांस्टेबल की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में परिजनों ने लोकल पुलिस की जांच पर गम्भीर सवाल खड़े किए हैं। मृतका के पिता ने पुलिस कमिश्नर को पत्र देकर मामले की निष्पक्ष जांच कराने की गुहार लगाई है। दिल्ली पुलिस के उस्मानपुर नॉर्थ ईस्ट दिल्ली थाने में तैनात महिला हेड कांस्टेबल शव 16 अगस्त को राजेंद्र नगर स्थित रॉयल ब्लू होटल के एक कमरे से बरामद हुआ था।
इस मामले में साहिबाबाद थाने में बीएनएस की धारा 69 व 108 के तहत आरोपी सचिन जो दिल्ली पुलिस में हेड कांस्टेबल के पद पर तैनात है, के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। परिजनों का आरोप है कि घटना स्थल के वीडियो में सचिन नाम का एक युवक मृतका के कमरे में जाता दिख रहा है, जो करीब 40 मिनट रुकने के बाद बाहर आता है। इसके बावजूद पुलिस मामले को आत्महत्या मानकर जांच कर रही है। संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बावजूद पोस्टमार्टम के दौरान विसरा संरक्षित नहीं किया गया।
परिजनों ने मांग की है कि जिस चुन्नी/दुपट्टे से फांसी लगाने की बात कही जा रही है, उसका फॉरेंसिक व भौतिक परीक्षण कराया जाए जिससे यह स्पष्ट हो सके कि दुपट्टा मृतका के वजन से फटा है या उसे काटा गया है। आरोपी सचिन को बिना पुलिस रिमांड पर लिये सीधे जेल भेजने पर पीड़ित परिवार ने सवाल उठाए हैं, आरोपी हेड कांस्टेबल को रिमांड पर लेने और स्वतंत्र एजेंसी से जांच कराने की मांग की गई है। पीड़ित परिवार ने पुलिस आयुक्त को दिये पत्र में स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली पर असंतोष जताते हुए मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने और न्याय की मांग की है।
