पश्चिमी दिल्ली। द्वारका एक्सप्रेसवे की टनल में सोमवार सुबह करीब साढ़े नौ बजे एक रीनाल्ट क्विड कार के इंजन से अचानक चिंगारी निकलने लगी, जिसके बाद उसमें आग लग गई और काला धुआं उठने लगा। देखते ही देखते पूरी टनल धुएं से भर गई, जिससे अफरातफरी मच गई। हालांकि समय रहते कार में सवार दो लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। वहीं, आग की चपेट में आने से कार पूरी तरह जलकर खाक हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार चालक ने इंजन से धुआं निकलते ही कार रोक दी। आसपास मौजूद अन्य वाहन चालकों ने भी मदद की और आग को फैलने से रोकने का प्रयास किया। घटना इतनी तेजी से हुई कि दमकल विभाग को सूचना देने का मौका नहीं मिल सका। बाद में जली हुई कार को टनल से हटाया गया।
घटना के दौरान टनल में धुआं भर जाने से यातायात प्रभावित रहा और कई लोग एहतियातन अपने वाहनों से बाहर निकल आए। इस बीच टनल में भरे धुएं की तस्वीरें और वीडियो सोमवार को इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हुए, जिनमें टनल के भीतर घना धुआं दिखाई दे रहा है।
स्थानीय पुलिस के अनुसार, घटना में कोई भी व्यक्ति घायल नहीं हुआ। टनल में धुआं भरने और वाहन हटाने की प्रक्रिया के कारण करीब आधे घंटे तक अफरातफरी का माहौल बना रहा। बाद में यातायात सामान्य कर दिया गया।
फायर कंट्रोल रूम को जानकारी तक नहीं
इधर इतनी बड़ी घटना के बाद भी दिल्ली फायर सर्विस के कंट्रोल रूम को इस घटना की जानकारी तक नहीं मिली। यह बात डीएफएस के कार्यशैली पर सवाल खड़े कर रही है। जब इतने महत्वपूर्ण स्थान पर लगी आग की जानकारी कंट्रोल रूम को कैसे नहीं मिली । गनीमत रही कि इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ।

