
नई दिल्ली। पंजाब के नंगल में विश्व हिंदू परिषद (विहिप) नेता विकास प्रभाकर की हत्या से जुड़े आरोपित हरविंदर कुमार को पटियाला हाउस की विशेष एनआईए अदालत ने दो दिन के ट्रांजिट रिमांड पर भेज दिया।
विशेष न्यायाधीश प्रशांत शर्मा ने हरविंदर को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की चंडीगढ़ यूनिट को ट्रांजिट रिमांड पर दिया। हाल ही में यूएई में रहने वाले हरविंदर कुमार उर्फ सोनू को जांच एजेंसी ने गिरफ्तार किया था। हरविंदर पर हत्यारों को हथियार और फंडिंग देने का आरोप है।
दो दिन की ट्रांजिट रिमांड दी
एनआईए के अनुसार कूटनीतिक कोशिशों के बाद हरविंदर को भारत प्रत्यर्पित किया गया है और इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर गिरफ्तारी के बाद विशेष न्यायाधीश प्रशांत शर्मा के समक्ष पेश किया। अदालत ने हरविंदर को शुक्रवार यानी दो अक्टूबर को चंडीगढ़ की अदालत में पेश करने के लिए दो दिन की ट्रांजिट रिमांड दी।
दो पूरक आरोपपत्र भी दाखिल किए
यह मामला प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल (बीकेआई) के सदस्यों द्वारा प्रभाकर की हत्या से जुड़ा है। एनआईए ने नौ मई 2024 को मामला दर्ज किया था और जांच एजेंसी ने मामले में आरोपपत्र के अलावा दो पूरक आरोपपत्र भी दाखिल किए हैं। एनआईए के अनुसार प्रभाकर को खत्म करने की साजिश जर्मनी में रहने वाले बीकेआई ऑपरेटिव हरजीत सिंह उर्फ लड्डी और कुलबीर सिंह उर्फ सिद्धू ने रची थी।
वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई
एनआईए ने कहा है कि यूएई से काम करते हुए हरविंदर ने विदेशों में मौजूद बीकेआई ऑपरेटिव के लिए हथियार और वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने में अहम भूमिका निभाई। हरविंदर ने हथियार का इंतजाम किया और प्रभाकर की हत्या में शामिल शूटर्स तक उनकी डिलीवरी में मदद की थी।
