दिल्ली में पुलिसकर्मियों पर हमला, मिर्च पाउडर और ईंट-डंडों से किया वार; तीन नाबालिग समेत चार पकड़े

News Desk
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नई दिल्ली: बाहरी-उत्तरी जिले के भलस्वा डेयरी थाना क्षेत्र में ड्यूटी कर रहे पुलिसकर्मियों पर हमला करने के मामले में पुलिस ने तीन नाबालिक सहित चार आरोपी को पकड़ लिया है. हालांकि मुख्य आरोपी अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है.

पुलिस के अनुसार, 22 अगस्त को करीब तीन बजे भलस्वा डेयरी थाने के बीट स्टाफ हेड कांस्टेबल दिनेश और हेड कांस्टेबल राजेश जनता विहार, मुकुंदपुर इलाके में गश्त कर रहे थे. जांच के दौरान उन्हें एक मोटरसाइकिल मिली, जिसके वैध दस्तावेज नहीं थे। नियमानुसार पुलिसकर्मी मोटरसाइकिल को दिल्ली पुलिस अधिनियम की धारा 66 के तहत थाने में जमा कराने के लिए ले गए.

करीब साढ़े तीन बजे जब पुलिसकर्मी वापस बीट पर पहुंचे तो मोटरसाइकिल का मालिक और उसके परिवार के कुछ सदस्य वहां पहुंच गए. उन्होंने पुलिस कार्रवाई का विरोध किया और देखते ही देखते विवाद हिंसक हो गया. आरोप है कि आरोपितों ने पुलिसकर्मियों की आंखों में मिर्च पाउडर फेंका और ईंट व डंडों से हमला कर दिया। सहायता के लिए पहुंचे हेड कांस्टेबल टीनू को भी आरोपितों ने निशाना बनाया.

हमले में हेड कांस्टेबल दिनेश, हेड कांस्टेबल राजेश और हेड कांस्टेबल टीनू घायल हो गए. दिनेश के सिर में चोट आई. सभी को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी हालत स्थिर बताई गई है.

वीडियो फुटेज से सामने आई आरोपितों की भूमिका

घटना के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की. स्थानीय लोगों की मदद से 17 वर्षीय एक किशोर को मौके से पकड़ लिया गया. पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के वीडियो फुटेज की भी जांच की. जांच के आधार पर 23 अगस्त को किशोर की मां और उसके दो नाबालिग बेटों को भी पकड़ा गया. पुलिस के मुताबिक, वीडियो फुटेज में ये लोग भी पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं.

मामले में भलस्वा डेयरी थाने में एफआईआर संख्या 537/26 के तहत भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है.

मुख्य आरोपी पर पहले से पांच मामले दर्ज

पुलिस के अनुसार, मामले का मुख्य फरार आरोपित सुनील उर्फ पंकज इलाके का घोषित बीसी है. उसके खिलाफ पहले से पांच आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें एनडीपीएस एक्ट और गंभीर आपराधिक मामलों से जुड़े केस भी शामिल हैं। सुनील और उसका एक साथी अभी फरार है। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही हैं.

डीसीपी शोभित डी. सक्सेना ने कहा,
बाहरी-उत्तरी जिले के डीसीपी शोभित डी. सक्सेना ने कहा कि ड्यूटी के दौरान पुलिसकर्मियों पर हमला करना गंभीर मामला है. पुलिस ने घटना में शामिल लोगों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की है. एक किशोर को मौके से पकड़ा गया था, जबकि 23 अगस्त को उसकी मां और उसके दो नाबालिग बेटों को भी पकड़ा गया. वीडियो फुटेज में उनकी भूमिका सामने आई है. उन्होंने कहा कि फरार मुख्य आरोपित सुनील उर्फ पंकज और उसके साथी को पकड़ने के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है. पुलिस ड्यूटी में बाधा डालने और पुलिसकर्मियों पर हमला करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करेगी.

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