ऑनलाइन चैटिंग एप के माध्यम से महिलाओं से दोस्ती कर कस्टम के नाम पर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश, 6 नाइजीरियन गिरफ्तार

Rohit Kumar
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नोएडा संवाददाता, साईबर/आईटी सेल नोएडा एवं थाना सेक्टर 20 पुलिस ने संयुक्त कार्यवाही करते हुए ऑनलाइन चैटिंग ऐप के माध्यम से लोगों से दोस्ती कर कस्टम के नाम पर ठगी करने वाले छः शातिर ठगों ओकोली स्टीफन पुत्र ओकोली मूल निवासी डेल्टा स्टेट निकट अफोर मार्केट नाईजीरिया हाल पता एफ-79 सुपर टैक इको बिलेज गोल्फ कन्ट्री थाना दनकौर जिला गौतमबुद्धनगर, ओकोसिन्धी माईकल पुत्र ओकोसिन्धी मूल निवासी डेल्टा स्टेट निकट अफोर मार्केट नाईजीरिया हाल पता एफ-79 सुपर टैक इको बिलेज गोल्फ कन्ट्री थाना दनकौर जिला गौतमबुद्धनगर, उमादी रोलेण्ड पुत्र उमादी मूल निवासी डेल्टा स्टेट निकट अफोर मार्केट नाईजीरिया हाल पता एफ-79 सुपर टैक इको बिलेज गोल्फ कन्ट्री थाना दनकौर जिला गौतमबुद्धनगर, ओकोली डेनियल पुत्र ओकोली मूल निवासी डेल्टा स्टेट निकट कटीग्रा टेम्पल नाईजीरिया हाल पता एफ-79 सुपर टैक इको बिलेज गोल्फ कन्ट्री थाना दनकौर जिला गौतमबुद्धनगर, ओकोली प्रोसपर पुत्र ओकोली मूल निवासी डेल्टा स्टेट निकट अफोर मार्केट नाईजीरिया हाल पता एफ-79 सुपर टैक इको विलेज गोल्फ कन्ट्री थाना दनकौर जिला गौतमबुद्धनगर, कुन्जंगमो पत्नि हैनरी निवासी ग्राम किन्द्रा रपतेन ट्रोन्सा स्टेट थाना ट्रोन्सा भूटान को एफ-79 सूपरटेक इको विलेज थाना दनकौर गौतमबुद्धनगर से शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए अभियुक्तों के कब्जे से पुलिस ने घटना में प्रयुक्त तीन लेपटॉप,17 मोबाइल,एक इन्टरनेट डोगल, 40,860 रूपये नगद,तीन पासपोर्ट और एक स्कूटी यामहा फसीनो नंबर यूपी 16 बीके 8421 बरामद की है।अभियुक्तों का एक संगठित गिरोह है। यह मूल रूप से नाइजीरिया देश के निवासी है। जो भारत में वर्ष 2021 में पढाई एवं इलाज के वीज़ा पर आए थे, इनके वीजा की समय अवधि 2021 के 6 माह पश्चात समाप्त हो चुकी थी। समयावधि समाप्त होने के उपरान्त भी यह आरोपी अपने मूल देश वापस नहीं गए और उक्त संगठित अपराध कारित करने लगे। आरोपियों द्वारा विभिन्न डेटिंग एप जैसे टिन्डर, बूमबिले, ओके क्यूप्ड, बैडू, हिन्गी आदि इस्तेमाल कर अपनी फेक प्रोफाइल तैयार की जाती है और अपने आप को प्लास्टिक सर्जन एवं स्वयं को भारत का मूल निवासी बताकर महिलाओं से मित्रता कर लेते हैं। इसके पश्चात योजना के अनुसार अपराधी द्वारा स्वंय को भारत आने पर एयरपोर्ट पर स्वयं को कस्टम चेंकिग के दौरान विदेशी मुद्रा लाने के नाम पर पकडे जाने की फर्जी कहानी तैयार कर लेते है। इसके बाद इन्ही के गिरोह की महिला अपराधी द्वारा कस्टम ऑफिसर बनकर अपने जाल में फंसाई गई महिला को कस्टम द्वारा पकडे गए व्यक्ति को छुडाने के नाम पर कस्टम डयूटी के रूप में रूपये लेकर उनसे पैसों की ठगी की जाती है। आरोपियों द्वारा महिलाओं के साथ उक्त तरीके के अपराधों को पिछले करीब सात-आठ वर्षों से लगातार किया जा रहा है। इनके द्वारा सैकडों की संख्या में महिलाओं को टारगेट कर अपराध कारित किये गए है। आरोपियों द्वारा भारतीय महिलाओं के अतिरिक्त विभिन्न देशों जैसे पुर्तगाल, स्वीडन, नीदरलैंड आदि देशों की महिलाओं के साथ मित्रता कर उनके साथ इसी प्रकार की ठगी की जा रही थी। आरोपियों द्वारा ठगी से प्राप्त किए गए पैसों को विभिन्न फर्जी खातों में ट्रान्सफर कर, अपने देश नाईजीरिया की करेन्सी “नायरा” में परिवर्तित कर अपने शौक पूरे किये जाते है। अपराधियों के द्वारा प्रयोग किए जा रहे बैंक खातों में स्टेट बैंक में करीब एक लाख 25 रूपये की धनराशी को फ्रीज कराया गया है। गिरफ्तार उपरोक्त अभियुक्त शातिर किस्म के अपराधी हैं। जिनके विरुद्ध पुलिस ने आवश्यक वैधानिक कार्यवाही कर न्यायालय के समक्ष पेश कर दिया है।

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