गाजियाबाद। ऑनलाइन वाहन बुकिंग के नाम पर लोगों के साथ ठगी करने वाले गिरोह का मुरादनगर पुलिस ने बुधवार को पर्दाफाश किया है। गिरोह के चार आरोपितों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से एक मोबाइल व चार मोबाइल के बिल बरामद हुए हैं। अब तक आरोपित कई लोगों से ठगी कर चुके थे। संबंधित धाराओं में केस दर्जकर पुलिस ने आरोपितों को जेल भेज दिया है।
डीसीपी ग्रामीण सुरेंद्रनाथ तिवारी ने बताया कि स्वाट और पुलिस टीम द्वारा चलाए गए संयुक्त अभियान के दौरान एक ऑनलाइन ठगी करने वाले एक अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया गया है। आरोपित मोरटा के अंजली एंक्लेव के सौरभ, हरियाणा के सांपला क्षेत्र के राकेश सिंह, मुरादनगर के असालतनगर क्षेत्र के अभिषेक अवस्थी व बदांयू जिले के ग्योती गांव का दशमेश हैं।
पूछताछ में आरोपितों ने बताया कि उन्होंने एक प्रसिद्ध ट्रैवल कंपनी नाम से फर्जी साइट बनाई थी। साइट पर लोग किराये के वाहनों की बुकिंग करते थे, तो वे उनसे आधा किराया एडवांस में जमा करा के लिए कहते थे।
एक बार किराये जमा होने पर साइट पर दिये कॉलिंग नंबर को बंद कर देते थे। इस प्रकार आरोपितों द्वारा लोगों से लाखों की ठगी की चुकी है। गिरोह के शामिल विकास,अजय, सुरजीत और विजय फिलहाल फरार है। पुलिस उनकी भी तलाश कर रही है।
सिम पोर्ट कराने के नाम पर लेते हैं फर्जी आईडी
आरोपित दशमेश, अजय और विकास एक टेलीकॉम कंपनी में सिम पोर्ट करने का काम करते हैं। जब कोई व्यक्ति सिम पोर्ट कराने के लिए आईडी जमा करता है, तो आरोपित उसकी आईडी पर अतिरिक्त सिम चालू कर देता है और उन सिम का इस्तेमाल ठगी में करता है।
एक आईडी और सिम के लिए उन्हें चार हजार रुपये दिये जाते थे। कॉल करने के लिए आरोपित सीडीएमए फोन का इस्तेमाल करते हैं। एक बार इस्तेमाल करने के बाद फाेन और सिम को तोड़ देते थे औैर दूसरी आईडी से सिम लेकर उसका इस्तेमाल करते थे।

