दूर-दृष्टि, पक्का इरादा, कठिन परिश्रम और  अनुशासन ये सफलता के मूल मंत्र हैंः सुनील गलगोटिया

Rohit Kumar
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आज दिनांक 26 सितम्बर 2023 को गलगोटिया विश्वविद्यालय के नये शिक्षण-सत्र 2023~24 का शुभारम्भ किया गया।
आज सभी ब्रांचेज में रजिस्ट्रेशन करने वाले विद्यार्थियों की सँख्या सत-प्रतिशत रही। अलग-अलग ब्राँचों के रजिस्ट्रेशन के लिये विशेष रूप से काऊंटर लगा कर विशेष व्यवस्था की गयी थी।

गलगोटियास विश्वविद्यालय के वाइस चांसलर प्रोफ़ेसर डा० के० मल्लिकार्जुन बाबू ने सभी विद्यार्थियों के अपनी शुभकामनाएँ प्रेषित की। चांसलर सलाहकार डा० रेनु लूथरा ने विद्यार्थियों से कहा कि आपने इस विद्या के मंदिर में अनुशासन की परिधि में रहकर कठिन परिश्रम करके जीवन में नयी ऊँचाईयों को छूना है।

प्रो० वॉइस चॉसलर अवधेश कुमार ने विद्यार्थियों से कहा कि आपने विद्या अध्ययन के साथ साथ अपने नैतिक चरित्र का भी निर्माण करना है। कर्तव्यपरायणता आपके जीवन का मूल मंत्र होना चाहिए।

आज आये हुए सभी नये विद्यार्थियों के लिये अपने संदेश में गलगोटियाज विश्वविद्यालय के चॉसलर सुनील गलगोटिया ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि आप अपनी लगन और मेहनत से कठिन परिश्रम करके अपनी जीवन में नये से नये कीर्तिमानों की स्थापना करें। आप अपने जीवन में कर्तव्य के प्रति सदैव जागरूक रहें।

विश्वविद्यालय के सीईओ डा० ध्रुव गलगोटिया ने कहा कि भारत दुनिया का सबसे युवा देश है। भारत का युवा प्रतिभावान भी है और कठिन परिश्रमी भी है। इसलिए आज पूरी दुनिया को भारत के युवाओं से बहुत सी उम्मीदें हैं।

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