नई दिल्ली – दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने शेयर बाज़ार में निवेश का सपना दिखाकर लाखों रुपये हड़पने वाले दो ठगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान सुनील कुमार रेड्डी (44) और आयुष सेमवाल (21) के रूप में हुई है। दोनों अलग-अलग मामलों में 50 लाख रुपये से अधिक की धोखाधड़ी कर चुके हैं। पुलिस ने एक आरोपी को नोएडा सेक्टर-58 और दूसरे को आंध्र प्रदेश से पकड़ा।
निवेश सलाहकार बनकर उड़ाए लाखों
अपराध शाखा के डीसीपी आदित्य गौतम के अनुसार एक शिकायत में सामने आया कि आरोपी सुनील रेड्डी, जो खुद को निवेश सलाहकार बताता था, पीड़ित को शेयर बाज़ार में भारी लाभ दिलाने का दावा करता था। इसी बहाने उसने पीड़ित से 15 अलग-अलग बैंक लेनदेन के जरिए 23,80,490 रुपये अपने नेटवर्क के खातों में जमा करा लिए।
शिकायत मिलते ही पुलिस ने उन बैंक खातों को तुरंत फ्रीज करा दिया, जिससे 5 लाख रुपये की राशि बचा ली गई। इसके बाद साइबर सेल ने तकनीकी जांच के आधार पर सुनील को आंध्र प्रदेश के अनंतपुर से गिरफ्तार कर लिया।
कॉल सेंटर कर्मचारी ने फर्जी बैंक दस्तावेज़ देकर की धोखाधड़ी
एक अन्य मामले में, लखनऊ स्थित टाटा क्रोमा में काम करने वाले व्यक्ति के साथ ऑनलाइन निवेश के नाम पर 26,49,180 रुपये की ठगी की गई। जांच में पता चला कि आरोपी आयुष सेमवाल, जो गौतमबुद्ध नगर जिले के सेक्टर-22 के रघुनाथपुर गांव का निवासी है और कॉल सेंटर में वॉयस प्रोसेस असिस्टेंट के पद पर कार्यरत है, नकली बैंक विवरण और खातों का उपयोग कर पीड़ित को भ्रमित करता था।
पुलिस ने उसके इस्तेमाल किए गए सभी बैंक खातों को फ्रीज करा दिया। पूछताछ में आयुष ने स्वीकार किया कि उसने कमीशन पर अपने साथियों को भी कई खाते उपलब्ध कराए थे।
इंस्पेक्टर गुलशन कुमार और कांस्टेबल आशीष की टीम ने तकनीकी निगरानी के आधार पर 8 नवंबर 2025 को नोएडा सेक्टर-58 में उसके कार्यस्थल से आयुष को गिरफ्तार कर लिया।
