
पश्चिमी दिल्ली। पार्सल डिलीवरी के दौरान ट्रकों से महंगे इलेक्ट्रॉनिक सामान चोरी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के तीन सदस्यों को द्वारका सेक्टर-23 थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनकी निशानदेही पर करीब 1.5 करोड़ रुपये कीमत के 604 नए विवो मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
हालांकि चोरी किए गए 1500 मोबाइलों में से 896 का अब तक पता नहीं चल पाया है। ये मोबाइल बदमाश ई कामर्स कंपनी अमेजान के गुरुग्राम स्थित केंद्र ट्रक के माध्यम से भेजे जा रहे थे। पुलिस उनकी बरामदगी और गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है। गिरफ्तार आरोपितों की पहचान एटा निवासी पंकज उर्फ धीरेंद्र, आनंद उर्फ रुद्रेश और हाथरस निवासी मोहित उर्फ पुंडीर के रूप में हुई है। तीनों के खिलाफ विभिन्न राज्यों में चोरी के कई मामले दर्ज हैं।
कीमती मोबाइल अपने पिकअप वाहन में उतार लेते थे
द्वारका जिले के पुलिस उपायुक्त ने बताया कि गिरोह हाई-वैल्यू इलेक्ट्रॉनिक सामान ले जा रहे ट्रकों को निशाना बनाता था। आरोपित परिवहन के दौरान ट्रक चालकों से मिलीभगत कर सुनसान स्थान पर ट्रक रुकवाते थे। इसके बाद कीमती मोबाइल अपने पिकअप वाहन में उतार लेते और ट्रक को दूसरी जगह लावारिस छोड़कर फरार हो जाते थे। बाद में चोरी का सामान अपने नेटवर्क के जरिए बाजार में खपा दिया करते थे।
मामले की शुरुआत 20 जून को हुई, जब वेयरहाउस मैनेजर रवि ने ई-एफआईआर दर्ज कराई। शिकायत में बताया गया कि वेयरहाउस से करीब 4500 नए विवो मोबाइल अमेजान के गुरुग्राम स्थित केंद्र भेजे जा रहे थे। रास्ते में ट्रक चालक ने साथियों के साथ मिलकर 1500 मोबाइल चोरी कर लिए और ट्रक को लावारिस छोड़ दिया।
200 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने उनके रूट और जहां ट्रक छोड़ दिया गया था वहां के आस पास के 200 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की। पता चला कि चोरों ने ट्रक से मोबाइल निकालने के बाद सभी 1500 मोबाइल को एक पिकअप वैन में भर दिया था। फुटेज के आधार पर पुलिस को चोरी में इस्तेमाल पिकअप वैन का सुराग मिला। पता चला कि उत्तर प्रदेश के नालेज पार्क थाना पुलिस ने इसी वाहन के साथ तीनों आरोपितों को एक अन्य मामले में पकड़ा हुआ है।
इसके बाद द्वारका पुलिस ने प्रोडक्शन वारंट पर उन्हें अपनी हिरासत में लेकर पूछताछ की। उनकी निशानदेही पर बुलंदशहर के भिघेपुर गांव के एक बाग से चुराए हुए मोबाइल में से 604 मोबाइल बरामद किए गए। पुलिस अब शेष मोबाइलों और गिरोह के अन्य सदस्यों का पता लगाने का प्रयास कर रही है।
