दूषित पानी की शिकायत पर ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी सख्त

News Desk
2 Min Read

ग्रेटर नोएडा: सेविअर ग्रीन आर्च सोसायटी में दूषित पेयजल की आपूर्ति की शिकायत के बाद ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी एक्शन मोड में आ गई है। अथॉरिटी के जल विभाग ने बिल्डर सोसायटियों का निरीक्षण कर पानी के सैंपल लेने का विशेष अभियान गुरुवार से शुरू कर दिया है।

पहले दिन सेविअर ग्रीन आर्च, चेरी काउंटी और हिमालया प्राइड सोसाइटी के साथ-साथ चार नलकूपों से पेयजल के कुल सात नमूने लेकर श्रीराम प्रयोगशाला भेजे गए हैं।

2 से 3 दिनों में आएगी विस्तृत रिपोर्ट

अथॉरिटी के सीनियर मैनेजर राजीव कुमार ने बताया कि शुरुआती जांच में जल विभाग की टीम ने पानी में क्लोरीन, टीडीएस और टीएस की मात्रा जांची, जो मानकों के अनुरूप पाई गई। हालांकि, लैब की विस्तृत रिपोर्ट 2 से 3 दिनों में आएगी। अधिकारियों के अनुसार, प्रथम दृष्टया समस्या सोसाइटी के अंदरूनी नेटवर्क में खराबी के कारण आई है, जिसके सुधार के लिए संबंधित बिल्डर को नोटिस जारी किया जाएगा।

‘अथॉरिटी मुख्य गेट तक देती है सप्लाई’

ग्रेनो अथॉरिटी सोसायटियों के मुख्य गेट तक पेयजल आपूर्ति करती है। इसके बाद सोसायटी के आंतरिक इंफ्रास्ट्रक्चर, पाइपलाइन बिछाने, पानी की टंकियों की सफाई और रखरखाव की पूरी जिम्मेदारी बिल्डर/सोसायटी प्रबंधन की होती है। सेविअर ग्रीन आर्च में शिकायत के बाद जल विभाग ने गुरुवार को करीब तीन घंटे तक पेयजल नेटवर्क की जांच की।

फरवरी में भी लिए गए थे 350 सैंपल

अथॉरिटी अधिकारियों के मुताबिक, इससे पहले इसी साल फरवरी में सभी नलकूपों सहित 350 से अधिक स्थानों से पानी के सैंपल लेकर जांच कराए गए थे, जिनकी रिपोर्ट में सभी मानक सही पाए गए थे। अथॉरिटी का कहना है कि ताजा लैब रिपोर्ट आने के बाद जहां भी खामी मिलेगी, उसे दुरुस्त कराया जाएगा।

Share This Article
Leave a Comment