गाजियाबाद। राजनगर में बुधवार सुबह एक मकान में लगी आग बुझाने पहुंची दमकल टीम गलत लोकेशन पर पहुंच गई। राजनगर की बजाय टीम पहले राजनगर एक्सटेंशन चली गई।
इससे आग बुझाने में देरी होने का आरोप लगा है। हालांकि अग्निशमन विभाग का कहना है कि सूचना मिलने के 17 मिनट के भीतर दमकल कर्मी मौके पर पहुंच गए थे।
राजनगर स्थित मकान में रहने वाले कारोबारी मुकेश कुमार गुप्ता के घर में सुबह करीब 10 बजे शार्ट सर्किट से आग लग गई। आग ग्राउंड फ्लोर के एक कोने में रखे पुराने सामान से शुरू हुई। देखते ही देखते धुआं और लपटें उठने लगीं।
स्वजन घर से बाहर निकल आए और पड़ोसियों ने दमकल विभाग को सूचना दी। पड़ोसी का आरोप है कि फोन पर मकान का पता और लोकेशन स्पष्ट बताने के बावजूद दमकल की गाड़ी राजनगर एक्सटेंशन पहुंच गई। करीब 10 मिनट बाद जब उन्होंने दोबारा फोन कर टीम की स्थिति पूछी तो उन्हें इसकी जानकारी मिली। इसके बाद सही पता बताए जाने पर दमकल टीम मौके के लिए रवाना हुई।
आधे घंटे बाद आग पर पाया काबू
उनका कहना है कि सूचना देने के करीब 25 मिनट बाद दमकल कर्मी घटनास्थल तक पहुंचे। मौके पर पहुंची टीम ने सुरक्षा उपकरण पहनकर मकान के भीतर प्रवेश किया और करीब आधे घंटे के प्रयास के बाद आग पर काबू पाया। तब तक ग्राउंड फ्लोर पर रखा लाखों रुपये का सामान जल चुका था। आग ऊपर की मंजिल तक भी पहुंच गई थी, लेकिन समय रहते उसे फैलने से रोक लिया गया।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी राहुल पाल ने बताया कि सूचना के दौरान राजनगर और राजनगर एक्सटेंशन को लेकर भ्रम की स्थिति बन गई थी। शिकायत दर्ज करने वाले के अनुसार कॉलर ने राजनगर एक्सटेंशन बताया था। सही पता स्पष्ट होते ही फायर टेंडर को मौके पर भेजा गया। सूचना मिलने के 17 मिनट बाद टीम घटनास्थल पर पहुंच गई थी। आधे घंटे में आग पर काबू पाया गया।
कैमिकल के ड्रम में लगी आग
कविनगर औद्योगिक क्षेत्र स्थित एक कंपनी के बाहर रखे कैमिकल से भरे ड्रम में भी आग लग गई। दमकल टीम ने आग पर काबू पा लिया। सीएफओ राहुल पाल ने बताया कि आशंका है कि किसी ने सिगरेट पीकर उसका जलता हुआ हिस्सा ड्रम के पास फेंक दिया था, जिससे कैमिकल ने आग पकड़ ली। समय रहते आग बुझा दिया गया।

