गाजियाबाद। कांवड़ यात्रा-2026 के दौरान लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षा और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (पीवीवीएनएल) के प्रबंध निदेशक रवीश गुप्ता ने शनिवार को दूधेश्वरनाथ मंदिर, साहिबाबाद और मुरादनगर स्थित गंग नहर क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने कांवड़ मार्ग पर चल रहे विद्युत सुरक्षा कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को यात्रा शुरू होने से पहले सभी व्यवस्थाएं हर हाल में पूरी करने के निर्देश दिए।को
विद्युत उपकरणों सुरक्षित करने के दिए संकेत
प्रबंध निदेशक रवीश गुप्ता ने कांवड़ मार्ग पर स्थापित विद्युत खंभों, ट्रांसफार्मर, बिजली लाइन और अन्य उपकरणों का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी विद्युत खंभों की निर्धारित मानकों के अनुसार रैपिंग कराई जाए, ट्रांसफार्मरों की मजबूत बैरिकेडिंग की जाए और आवश्यक स्थानों पर फेंसिंग लगाकर खुले विद्युत उपकरणों को पूरी तरह सुरक्षित किया जाए।
जहां भी बिजली के तार ढीले या लटके हुए हैं, उन्हें तत्काल ठीक करने और बैरिकेडिंग का कार्य प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने को कहा। उन्होंने कहा कि इस बार कांवड़ यात्रा में श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए कई नई व्यवस्थाएं लागू की जा रही हैं।
पहली बार भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों, प्रमुख शिविरों और मंदिरों के आसपास लगे बिजली के खंभों पर पीवीसी कवर लगाए जाएंगे, ताकि वर्षा के दौरान पोल में करंट आने की आशंका को कम किया जा सके।
अन्य स्थानों पर खंभों पर मानकों के अनुरूप पालीथीन रैपिंग कराई जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि कांवड़ मार्ग पर तैनात सभी नोडल अधिकारियों को कान्टैक्टलेस टेस्टर उपलब्ध कराए जाएं, जिससे बिना सीधे संपर्क के बिजली के प्रवाह की जांच की जा सके।
संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ की जाएगी कार्रवाई
इससे किसी भी संभावित खतरे का समय रहते पता लगाकर तत्काल कार्रवाई की जा सकेगी। उन्होंने चेतावनी दी कि सुरक्षा मानकों में किसी भी प्रकार की लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान मुख्य अभियंता क्षेत्र-द्वितीय नरेश भारती, मुख्य अभियंता क्षेत्र-तृतीय बृजेश कुमार, अधीक्षण अभियंता महेश उपाध्याय, अधीक्षण अभियंता अखिलेश सिंह, अधिशासी अभियंता अंकित कुमार और अधिशासी अभियंता अजय यादव सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।

