गाजियाबाद। तीन साल पहले साथ शुरू वैवाहिक रिश्ता पति की दाढ़ी व पत्नी की सोशल मीडिया रील बनाने के कारण टूटने की कगार पर पहुंच गया। पत्नी की सबसे अहम शर्त थी की पति द्वारा एक साल पहले रखी दाढ़ी कटवानी होगी।
पति ने दाढ़ी कटवाने व पत्नी ने रील बनाना बंद करने का वादा किया। इसके बाद पत्नी ने कोर्ट में दायर तलाक का केस वापस लेने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही पत्नी अपने ससुराल लौट गई है।
पति ने दाढ़ी बढ़ानी शुरू की
मामला बुलंदशहर निवासी महिला व गाजियाबाद के युवक से जुड़ा है। दोनों की शादी करीब तीन वर्ष पहले हुई थी। पत्नी का कहना था कि जब रिश्ता तय हुआ व शादी हुई, तब पति की दाढ़ी नहीं थी। करीब एक वर्ष पहले पति ने दाढ़ी बढ़ानी शुरू की। इसका उसने लगातार विरोध किया।
पति के व्यवहार से आहत पत्नी मायके चली गई
पत्नी का आरोप था कि विरोध पर पति उससे गाली-गलौज करता था। सार्वजनिक स्थानों पर भी अपमान करता था। पति के व्यवहार से आहत पत्नी मायके चली गई। बाद में पति उसे वापस लाने पहुंचा, पर पत्नी ने साफ कहा कि जब तक पति गाली-गलौज व अपमानजनक व्यवहार बंद नहीं करता और दाढ़ी कटवाने का वादा नहीं करेगा, वह ससुराल नहीं लौटेगी।
दूसरी ओर पति भी पत्नी की इंटरनेट मीडिया पर रील बनाने सहित अन्य गतिविधियों से नाराज था। उसका कहना था कि पत्नी लगातार रील बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड करती है। इससे उसे आपत्ति है। पत्नी ने शुरुआत में रील बनाना जारी रखने की बात कही।
वहीं, पति ने दाढ़ी कटवाने की शर्त छोड़कर बाकी सभी शर्तें मान ली थीं। बात न बनने पर पति बिना पत्नी के ही लौट गया व विवाद बढ़ता गया। इसके बाद पत्नी ने कोर्ट में तलाक का केस दायर कर दिया। मामला मध्यस्थता केंद्र पहुंचा, जहां दोनों पक्षों में कई दौर की बातचीत हुई।
तारीखों से दोनों हो गए थे परेशान
अधिवक्ता रिहाना पंवार के अनुसार, सोमवार को दंपती अदालत पहुंचे। दोनों ने आपस में बातचीत की व महसूस किया कि लंबे समय से चल रही कानूनी प्रक्रिया से दोनों ही परेशान हो चुके हैं। पति ने पत्नी की सबसे बड़ी मांग मानते हुए दाढ़ी कटवाने का वादा किया। पत्नी ने भी पति की शर्त का सम्मान कर सोशल मीडिया पर रील बनाना बंद करने की सहमति दी।
दोनों ने भविष्य में एक-दूसरे का सम्मान करने व विवादों को बातचीत से सुलझाने का भरोसा भी दिया। पत्नी ने अपनी अधिवक्ता को बताया कि वह अब तलाक का केस आगे नहीं बढ़ाना चाहती व पति के साथ रहना चाहती है। समझौते के दस्तावेज तैयार कर लिए गए हैं, जिन्हें मध्यस्थता केंद्र में जमा कराया जाएगा। समझौते के साथ ही दोनों ने अपने वैवाहिक जीवन को नई शुरुआत का निर्णय लिया।

