राज ठाकरे को भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह का अल्टीमेटम, उत्तर भारतीयों से माफी मांगें तब अयोध्या में एंट्री

Rohit Kumar
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लखनऊ: बीजेपी सांसद ब्रजभूषण शरण सिंह (BJP MP Braj Bhushan Sharan Singh) ने आज गुरुवार को महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) प्रमुख राज ठाकरे (Raj Thackeray) के 4 जून को प्रस्तावित अयोध्या दौरे (Ayodhya Visit ) का विरोध किया है. बीजेपी सांसद सिंह ने चेतावनी देते हुए कहा, ”जब तक वह उत्तर भारतीयों से सार्वजनिक रूप से माफी नहीं मांग (apologizes to North Indians) लेते तब तक उन्हें अयोध्या की सीमा में घुसने नहीं देंगे.”

कैसरगंज लोकसभा क्षेत्र से बीजेपी सांसद और राम मंदिर आंदोलन के अग्रणी नेता रहे ब्रजभूषण शरण सिंह ने ट्वीट किया, ‘उत्तर भारतीयों को अपमानित करने वाले राज ठाकरे को अयोध्या की सीमा में घुसने नहीं दूंगा.’

बता दें कि ब्रजभूषण शरण सिंह 6 दिसंबर 1992 को अयोध्या में विवादित ढांचा को ध्वस्त करने के मामले में भी आरोपी थे.

राज ठाकरे सभी उत्तर भारतीयों से हाथ जोडकर माफी मांगे

इसी ट्वीट में आगे बीजेपी सांसद कहा, ”अयोध्या आने से पहले सभी उत्तर भारतीयों से हाथ जोडकर माफी मांगे राज ठाकरे.’

योगी जी को राज ठाकरे से नहीं मिलना चाहिए

सांसद ने अपने सिलसिलेवार ट्वीट में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से अनुरोध किया, ‘जब तक राज ठाकरे सार्वजनिक रूप से उत्तर भारतीयों से माफी नहीं मांग लेते, मेरा आग्रह है तब तक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी को राज ठाकरे से नहीं मिलना चाहिए.’

राम मंदिर आंदोलन से ठाकरे परिवार का कोई लेना देना नहीं

राम मंदिर आंदोलन का जिक्र करते हुए सांसद ने कहा कि ‘राम मंदिर आंदोलन से लेकर मंदिर निर्माण तक राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, विश्व हिंदू परिषद और आमजन की ही भूमिका रही है, ठाकरे परिवार का इससे कोई लेना देना नहीं.’

ठाकरे ने पुणे में कहा था-‘पांच जून को मैं दर्शन के लिए अयोध्या जाऊंगा

बता दें कि पिछले 17 अप्रैल को ठाकरे ने पुणे में कहा था कि वह भगवान राम के दर्शन करने के लिए पांच जून को अयोध्या जाएंगे. ठाकरे ने मुंबई में प्रेस कॉन्‍फेंस में कहा, ”पांच जून को मैं मनसे के अन्य कार्यकर्ताओं के साथ (रामलला के) दर्शन के लिए अयोध्या जाऊंगा. मैं अन्य लोगों से भी अयोध्या आने की अपील करता हूं.”

ठाकरे ने कहा कि वह न‍िर्माण के शुरुआती चरण में जाना चाहता हूं

अयोध्या जाने के मकसद के बारे में पूछे जाने पर ठाकरे ने कहा कि वह लंबे वक्त से कहीं बाहर नहीं गए हैं. हालांकि, संवाददाता सम्मेलन के बाद अयोध्या दौरे के बारे में बोलते हुए ठाकरे ने कहा, ”इसके (राम मंदिर के) लिए कितने कारसेवकों ने अपनी जान गंवाई. उच्चतम न्यायालय और केंद्र सरकार की वजह से वहां राम मंदिर की स्थापना हो रही है. इसलिए मैं वहां (निर्माण के) शुरुआती चरण में जाना चाहता हूं. बाद में, एक बार मंदिर तैयार हो जाने के बाद हर कोई इसे फिर से देखने जाएगा.”

मनसे प्रमुख को उत्तर भारतीयों का विरोधी माना जाता

बता दें कि मनसे प्रमुख को मुंबई में रहने वाले उत्तर भारतीयों का विरोधी माना जाता है. राज ठाकरे ने उत्तर भारतीयों की आलोचना करते हुए कहा था कि वे (उत्तर भारतीय) मराठा संस्कृति को नष्ट करने पर तुले हैं.

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