सहारनपुर में 900 हिस्ट्रीशीटरों ने ली अपराध नहीं करने की शपथ, डीआइजी ने समझाईं ये बातें

Rohit Kumar
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सहारनपुर: एसएसपी डॉ. विपिन ताड़ा अपराध पर अंकुश लगाने के लिए अनोखी पहल करने जा रहे हैं. ऐसा पहली बार होगा कि जिले के 900 हिस्ट्रीशीटर अपराधी एक साथ सहारनपुर पुलिस लाइन में इकट्ठा होंगे. एसएसपी ने पुलिस लाइन में ‘संकल्प शिविर’ का आयोजन किया है. यहां गैंगस्टर और हिस्ट्रीशीटर अपराधियों को अपराध नहीं करने की शपथ दिलाई जाएगी. जानकारी के मुताबिक, यूपी में यह पहला ‘संकल्प शिविर’ है, जहां एक साथ बड़ी तादात में अपराधी खुद पहुंच रहे हैं.

बता दें कि योगी सरकार ने अपराध पर अंकुश लगाने के लिए ऑपरेशन क्लीन चलाया था. इसके डर से बड़ी संख्या में अपराधियों ने खुद थाने पहुंचकर सरेंडर किया. इसी कड़ी में गोरखपुर से सहारनपुर आए एसएसपी डॉ. विपिन ताड़ा अनोखी पहल करने जा रहे हैं. रविवार को पुलिस लाइन में ‘संकल्प शिविर’ आयोजित किया जा रहा है. यहां जिले भर के 900 अपराधी एक साथ इकट्ठा होने जा रहे हैं. उत्तर प्रदेश में पहली बार ऐसे संकल्प शिविर का आयोजन किया जा रहा है जब एक साथ 900 हिस्ट्रीशीटर एक पंडाल में इकट्‌ठा होंगे. यहां सभी अपराधी अपराध से तौबा करने पहुंचेंगे. एसएसपी की इस पहल की जिले भर में ही नहीं समूचे उत्तर प्रदेश में सराहना हो रही है.

एसएसपी विपिन ताड़ा ने बताया कि जिले को अपराध मुक्त करने लिए सभी थानों में हिस्ट्रीशीटर को संवाद के जरिए समझाया जा रहा है. इसके लिए बाकायदा हर थाने में दुराचारी सभा का आयोजन होता है. पुलिस लाइन परेड ग्राउंड में संकल्प शिविर का आयोजन किया जा रहा है. सुबह 10 बजे से ही हिस्ट्रीशीटर और गैंगस्टर ‘संकल्प शिविर’ में आना शुरू हो जाएंगे. पांडाल में सभी अपराधियों को कानून का पाठ पढ़ाया जाएगा. इसके बाद शिविर में अपराध को छोड़कर मुख्य धारा में शामिल करने के लिए शपथ दिलाई जाएगी.

एसएसपी के मुताबिक, सहारनपुर जिले में कुल 1350 हिस्ट्रीशीटर और गैंगस्टर हैं. इनमें से कुछ जेल में बंद है तो कुछ लापता हैं. जबकि, कुछ अपराधी दूसरे राज्यों में नौकरी और अन्य काम कर रहे हैं. उन्होंने बताया कि सभी अपराधियों को आध्यात्मिक ज्ञान और मनोवैज्ञानिक तरीके से भी समझाया जाएगा. यह संकल्प शिविर में योग गुरु भारत भूषण अपने योग और आध्यात्मिक ज्ञान के माध्यम से हिस्ट्रीशीटर्स को अपराध से दूर करने का प्रयास करेंगे. वहीं, DIG सुधीर सिंह, DM अखिलेश सिंह और SSP डॉ. विपिन ताड़ा सभी को कानून का पाठ पढ़ाएंगे. खास बात यह है कि जिन हिस्ट्रीशीटर व अपराधियों की उम्र 65 साल हो गई है और लंबे समय से कोई अपराध नहीं किया है, उन अपराधियों पर लगा हिस्ट्रीशीटर का तमगा हट सकता है.

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